केरल में बारिश बनी आफत, भूस्खलन और बाढ़ से 6 की मौत, दिल्ली-एनसीआर और यूपी में भारी बारिश का अलर्ट

Heavy raining.
देश के कई राज्यों में मानसून ने अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। सबसे ज्यादा असर केरल में देखने को मिल रहा है, जहां लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। राज्य के कई हिस्सों में भूस्खलन और बाढ़ की घटनाओं के कारण अब तक छह लोगों की जान जा चुकी है, जबकि कई लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। लगातार हो रही बारिश के कारण प्रशासन और राहत एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं। दूसरी ओर दिल्ली-एनसीआर और उत्तर प्रदेश में भी मौसम ने करवट ली है। मौसम विभाग ने दोनों क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश और कई स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना जताई है।
केरल में भारी बारिश के चलते कई जिलों में नदियां उफान पर हैं और पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। इडुक्की, कोट्टायम, पथनमथिट्टा, कोझिकोड, वायनाड, कन्नूर और कासरगोड सहित कई जिलों में हालात गंभीर बने हुए हैं। कई सड़कों पर पानी भरने और मलबा आने से यातायात प्रभावित हुआ है, जबकि कई इलाकों का संपर्क भी टूट गया है। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है।
राज्य सरकार के अनुसार, अलग-अलग भूस्खलन की घटनाओं में छह लोगों की मौत हुई है और कई लोगों की तलाश जारी है। बचाव कार्य में एनडीआरएफ, फायर एंड रेस्क्यू टीम, पुलिस, कोस्ट गार्ड और स्थानीय प्रशासन संयुक्त रूप से अभियान चला रहे हैं। प्रभावित परिवारों के लिए राज्यभर में 65 राहत शिविर स्थापित किए गए हैं, जहां एक हजार से अधिक लोगों को सुरक्षित ठहराया गया है। कई घर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुके हैं, जबकि बड़ी संख्या में मकानों को आंशिक नुकसान पहुंचा है। प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और जरूरत के अनुसार राहत सामग्री भी पहुंचाई जा रही है।
मुख्यमंत्री ने संबंधित जिलों के अधिकारियों और मंत्रियों को राहत एवं बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही लोगों से मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने और जोखिम वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की गई है। लगातार हो रही बारिश के कारण कई बांधों का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है, जिसके चलते एहतियात के तौर पर कुछ बांधों के गेट भी खोल दिए गए हैं।
उधर, दिल्ली-एनसीआर में शनिवार और रविवार की मध्यरात्रि हुई बारिश के बाद मौसम काफी सुहावना हो गया। लंबे समय से गर्मी और उमस से परेशान लोगों को राहत मिली है। पूरे दिन आसमान में बादल छाए रहने और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। तापमान में भी गिरावट दर्ज होने की उम्मीद है, जिससे मौसम और अधिक आरामदायक बना रहेगा। उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों के लिए भी मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है और कई क्षेत्रों में भारी बारिश के साथ बिजली गिरने की आशंका व्यक्त की है।
केवल केरल ही नहीं, बल्कि गुजरात भी लगातार हो रही तेज बारिश से प्रभावित है। दक्षिण और मध्य गुजरात के कई जिलों में जलभराव और बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है और राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है। कई गांवों का संपर्क टूट गया है, जबकि सेना और अन्य एजेंसियां प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालने में जुटी हुई हैं। वहीं असम में बाढ़ की स्थिति पहले की तुलना में कुछ बेहतर बताई जा रही है, हालांकि प्रशासन अब भी पूरी सतर्कता के साथ हालात पर नजर बनाए हुए है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में कई राज्यों में मानसून और सक्रिय हो सकता है, इसलिए लोगों को मौसम संबंधी सभी आधिकारिक चेतावनियों का पालन करना चाहिए।
