देश के कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, दिल्ली, पंजाब और असम सहित विभिन्न हिस्सों में मंडराए छाए बादल

मौसम के बदले मिजाज के बीच देश के विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में तेज बारिश होने की संभावना जताई गई है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के अलावा पूर्वोत्तर राज्यों में अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में मूसलाधार बारिश को लेकर सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। वहीं उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में हरियाणा, चंडीगढ़ और राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी तेज बौछारें गिरने का अनुमान व्यक्त किया गया है। इसके साथ ही दक्षिण भारत और तटीय इलाकों में भी मौसम काफी संवेदनशील बना हुआ है, जहां केरल, माहे, तमिलनाडु, पुद्दुचेरी और कराईकल में आसमान में लगातार बादलों का जमावड़ा देखने को मिल सकता है।
उत्तर और पूर्वी भारत में बिजली चमकने और खराब मौसम की स्थिति
उत्तर भारत के कुछ अन्य हिस्सों में भी मौसम का मिजाज काफी बदला हुआ रहने वाला है। पंजाब, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के अलग-अलग स्थानों पर रुक-रुक कर बारिश होने की पूरी संभावना बनी हुई है। मौसम का यह प्रभाव आने वाले दिनों तक बना रह सकता है, जिससे आम जनजीवन और यातायात पर असर पड़ने की स्थिति बन सकती है। पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों के सीमावर्ती इलाकों में लोगों को जलभराव और फिसलन भरी सड़कों का सामना करना पड़ सकता है।
अगले दो दिनों के लिए कई राज्यों में भारी चेतावनी
अगले दो दिनों तक कई इलाकों में मौसम ज्यादा चुनौतीपूर्ण हो सकता है। बिहार, झारखंड, ओडिशा और राजस्थान में तेज हवाओं के साथ-साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं होने का अंदेशा जताया गया है। इसके अलावा उत्तर-पश्चिमी सीमावर्ती क्षेत्रों में जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी आने वाले दो दिनों तक आसमान में भारी हलचल देखने को मिलेगी। इन राज्यों में रहने वाले लोगों को खुले स्थानों पर जाने से बचने और सुरक्षित स्थानों पर आश्रय लेने का सुझाव दिया गया है।
मध्य और पश्चिमी हिस्सों में मौसम का प्रभाव
देश के मध्य, पश्चिमी और तटीय भागों में भी बारिश और तूफान की स्थिति बनी हुई है। आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के जिलों में आज गरज के साथ बौछारें पड़ने और आकाशीय बिजली चमकने की आशंका है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने का खतरा रहता है, जबकि मैदानी इलाकों में जलजमाव की वजह से लोगों को आवाजाही में परेशानी आ सकती है। सभी प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को सतर्कता बरतने की जरूरत है।
