पीएम मोदी का चेन्नई दौरा: IIT मद्रास में मंदिर दर्शन से लेकर मेट्रो उद्घाटन तक, जानें क्या रहा खास

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का रविवार को तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई का दौरा कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों के लिहाज से खास रहा। इस दौरान उन्होंने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान मद्रास परिसर स्थित जलकंडेश्वर मंदिर में पूजा-अर्चना की, ब्रेन रिसर्च सेंटर में वैज्ञानिक गतिविधियों का जायजा लिया और प्रसिद्ध संगीतकार इलैयाराजा से जुड़े संगीत शिक्षा एवं अनुसंधान केंद्र का उद्घाटन किया। इसके अलावा प्रधानमंत्री ने मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के साथ चेन्नई मेट्रो रेल के दूसरे चरण की पहली ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। इस दौरे में धार्मिक आस्था, आधुनिक विज्ञान, संगीत, सार्वजनिक परिवहन और विकास परियोजनाओं से जुड़े कई अहम पहलू देखने को मिले।
जलकंडेश्वर मंदिर में प्रधानमंत्री मोदी ने की पूजा-अर्चना
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने चेन्नई दौरे के दौरान आईआईटी मद्रास परिसर में स्थित जलकंडेश्वर मंदिर में पहुंचकर पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र अर्लेकर और मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय भी मौजूद रहे। मंदिर में प्रधानमंत्री की मौजूदगी ने उनके दौरे के आध्यात्मिक पक्ष को प्रमुखता दी।
चेन्नई पहुंचने के बाद प्रधानमंत्री ने धार्मिक कार्यक्रम में हिस्सा लिया और फिर संस्थान में आयोजित अन्य गतिविधियों की ओर रुख किया। उनके कार्यक्रम में परंपरा और आधुनिक विकास से जुड़े विषयों को एक साथ शामिल किया गया था। एक ओर मंदिर में पूजा-अर्चना हुई, वहीं दूसरी ओर वैज्ञानिक अनुसंधान, संगीत शिक्षा और शहरी परिवहन से संबंधित कार्यक्रमों को भी महत्व दिया गया।
IIT मद्रास के ब्रेन रिसर्च सेंटर में वैज्ञानिक गतिविधियों का जायजा
मंदिर में दर्शन के बाद प्रधानमंत्री मोदी आईआईटी मद्रास के ब्रेन रिसर्च सेंटर पहुंचे। यहां उन्होंने केंद्र में चल रही वैज्ञानिक गतिविधियों और अनुसंधान कार्यों के बारे में जानकारी ली। इस दौरे का उद्देश्य अत्याधुनिक शोध और विज्ञान के क्षेत्र में संस्थान की गतिविधियों को करीब से देखना भी रहा।
ब्रेन रिसर्च जैसे क्षेत्रों में वैज्ञानिक अनुसंधान का महत्व लगातार बढ़ रहा है। मस्तिष्क की कार्यप्रणाली, तंत्रिका तंत्र और उससे जुड़े विभिन्न पहलुओं को समझने के लिए आधुनिक तकनीक तथा बहुविषयक शोध की भूमिका अहम होती है। आईआईटी मद्रास जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में इस तरह की गतिविधियां उच्च शिक्षा और अनुसंधान के बीच संबंध को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जाती हैं।
प्रधानमंत्री का केंद्र का दौरा वैज्ञानिक संस्थानों में हो रहे काम और शोध आधारित विकास की अहमियत को रेखांकित करता है। इससे शिक्षा, तकनीक और अनुसंधान के क्षेत्र में संस्थागत प्रयासों पर भी ध्यान गया।
इलैयाराजा सेंटर फॉर म्यूजिक लर्निंग एंड रिसर्च का उद्घाटन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आईआईटी मद्रास में ‘आईआईटीएम मेस्ट्रो इलैयाराजा सेंटर फॉर म्यूजिक लर्निंग एंड रिसर्च’ का उद्घाटन भी किया। यह केंद्र संगीत की शिक्षा, प्रशिक्षण और उससे संबंधित अनुसंधान को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से स्थापित किया गया है। प्रसिद्ध संगीतकार इलैयाराजा से जुड़ा यह केंद्र संगीत और अकादमिक शोध के बीच सहयोग की संभावनाओं को आगे बढ़ाने पर केंद्रित है।
संगीत केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं है, बल्कि यह कला, संस्कृति, रचनात्मकता और अध्ययन का भी महत्वपूर्ण क्षेत्र है। संगीत की संरचना, ध्वनि, लय, राग और तकनीकी पहलुओं का अध्ययन विभिन्न विषयों के साथ मिलकर किया जा सकता है। ऐसे केंद्र विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और संगीत में रुचि रखने वाले लोगों को सीखने तथा नए प्रयोग करने के अवसर प्रदान कर सकते हैं।
आईआईटी मद्रास में इस केंद्र की शुरुआत को पारंपरिक संगीत और आधुनिक शैक्षणिक वातावरण के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे संगीत संबंधी प्रशिक्षण और शोध को संस्थागत स्तर पर बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
चेन्नई एयरपोर्ट पर राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने किया स्वागत
प्रधानमंत्री मोदी रविवार सुबह चेन्नई पहुंचे। सुबह 10 बजकर 58 मिनट पर हवाई अड्डे पर तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र अर्लेकर और मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर राज्य के मंत्री, अन्नाद्रमुक महासचिव एडप्पादी के. पलानीस्वामी, भाजपा नेता नैनार नागेंद्रन और अन्य पदाधिकारी भी मौजूद रहे।
यह दौरा मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व में तमिलनाडु में नई सरकार के सत्ता संभालने के बाद प्रधानमंत्री का पहला दौरा बताया गया। इस कारण भी कार्यक्रम को राजनीतिक और प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना गया। प्रधानमंत्री के दौरे में राज्य के प्रमुख नेताओं की उपस्थिति ने विभिन्न कार्यक्रमों को विशेष महत्व दिया।
चेन्नई मेट्रो के दूसरे चरण की पहली ट्रेन को दिखाई हरी झंडी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने पोरूर मेट्रो स्टेशन पर चेन्नई मेट्रो रेल के दूसरे चरण के नेटवर्क की पहली ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस कार्यक्रम के बाद दोनों नेताओं ने पोरूर से पूनामल्ली तक मेट्रो में यात्रा भी की।
चेन्नई जैसे बड़े महानगर में बढ़ती आबादी और यातायात के दबाव के बीच मेट्रो रेल सार्वजनिक परिवहन का महत्वपूर्ण साधन बन चुकी है। मेट्रो नेटवर्क का विस्तार सड़क यातायात पर निर्भरता कम करने, यात्रियों को सुविधाजनक आवागमन उपलब्ध कराने और शहर के विभिन्न हिस्सों के बीच कनेक्टिविटी बेहतर बनाने में मदद कर सकता है।
दूसरे चरण से जुड़े इस कार्यक्रम को चेन्नई के शहरी परिवहन ढांचे के विस्तार की दिशा में अहम पहल के रूप में देखा जा रहा है। मेट्रो सेवाओं के विस्तार से नियमित यात्रियों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों को आने वाले समय में लाभ मिलने की उम्मीद है।
पूनामल्ली-वडापलानी मेट्रो कॉरिडोर से कनेक्टिविटी को मिलेगा बढ़ावा
कार्यक्रम से जुड़ी जानकारी के अनुसार, पूनामल्ली-वडापलानी मेट्रो कॉरिडोर के निर्माण पर लगभग 750 करोड़ रुपये की लागत आई है। इस कॉरिडोर को चेन्नई की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था के विकास से जोड़कर देखा जा रहा है।
मेट्रो नेटवर्क का विस्तार किसी भी बड़े शहर में केवल यात्रा के समय को कम करने तक सीमित नहीं रहता। बेहतर सार्वजनिक परिवहन से प्रमुख आवासीय और व्यावसायिक क्षेत्रों के बीच आवाजाही आसान हो सकती है। इससे सड़क पर निजी वाहनों का दबाव कम करने और यात्रियों को अपेक्षाकृत व्यवस्थित परिवहन विकल्प उपलब्ध कराने में भी सहायता मिल सकती है।
हालांकि, किसी भी नई मेट्रो सेवा का वास्तविक लाभ उसके संचालन, यात्रियों की पहुंच, दूसरे परिवहन साधनों से संपर्क और नियमित सेवा व्यवस्था पर निर्भर करता है। ऐसे में चेन्नई मेट्रो के दूसरे चरण का विस्तार शहर की दीर्घकालिक परिवहन योजना के लिहाज से महत्वपूर्ण है।
तमिलनाडु की विकास परियोजनाओं पर भी रहा जोर
आईआईटी मद्रास परिसर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी के तमिलनाडु में विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन करने और नई योजनाओं की आधारशिला रखने का कार्यक्रम भी निर्धारित था। इसके बाद उनके संबोधन की योजना थी।
पूरे दौरे को देखें तो इसमें बुनियादी ढांचे के विकास के साथ शिक्षा, वैज्ञानिक अनुसंधान और सांस्कृतिक गतिविधियों को भी जगह दी गई। मेट्रो परियोजना शहरी कनेक्टिविटी से जुड़ी है, जबकि ब्रेन रिसर्च सेंटर वैज्ञानिक अध्ययन और इलैयाराजा म्यूजिक सेंटर संगीत शिक्षा तथा अनुसंधान पर केंद्रित है।
इस तरह प्रधानमंत्री का चेन्नई दौरा कई अलग-अलग क्षेत्रों को जोड़ने वाला कार्यक्रम रहा। धार्मिक स्थल पर पूजा-अर्चना से शुरू होकर वैज्ञानिक केंद्र के निरीक्षण, संगीत अनुसंधान केंद्र के उद्घाटन और मेट्रो ट्रेन को हरी झंडी दिखाने तक, इस दौरे में तमिलनाडु के विकास से जुड़े विविध पहलुओं को प्रमुखता मिली।
