ग्रैंड चेस टूर 2026: प्रग्गनानंदा की शानदार शुरुआत, गुकेश ने वापसी की, क्रोएशिया में भारतीय खिलाड़ियों का दमदार प्रदर्शन

क्रोएशिया में आयोजित ग्रैंड चेस टूर 2026 के तीसरे चरण सुपर रैपिड और ब्लिट्ज प्रतियोगिता की शुरुआत भारतीय खिलाड़ियों के लिए मिश्रित लेकिन उत्साहजनक रही। युवा ग्रैंडमास्टर आर. प्रग्गनानंदा ने पहले दिन शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए संयुक्त दूसरे स्थान पर अपनी जगह बनाई, जबकि मौजूदा विश्व चैंपियन डी. गुकेश ने शुरुआती झटके के बाद प्रभावशाली वापसी कर अंक तालिका में खुद को प्रतिस्पर्धा में बनाए रखा। पहले दिन के मुकाबलों ने यह संकेत दे दिया है कि आने वाले राउंड बेहद रोमांचक होने वाले हैं और भारतीय खिलाड़ी खिताब की दौड़ में मजबूती से बने हुए हैं।
प्रग्गनानंदा ने अपने अभियान की शुरुआत जर्मनी के मजबूत खिलाड़ी विंसेंट कीमर के खिलाफ जीत के साथ की। इस मुकाबले में उन्होंने धैर्य और सटीक रणनीति का शानदार प्रदर्शन करते हुए पूरे दो अंक अपने नाम किए। पहले मुकाबले की सफलता ने उनका आत्मविश्वास बढ़ाया और दूसरे राउंड में उन्होंने फ्रांस के अनुभवी ग्रैंडमास्टर मैक्सिम वाचियर-लाग्रेव के खिलाफ संतुलित खेल दिखाते हुए मुकाबला ड्रॉ कराया। दिन के तीसरे और अंतिम राउंड में उनका सामना भारत के ही विश्व चैंपियन डी. गुकेश से हुआ। दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली, लेकिन अंत में दोनों ने अंक साझा किए। पहले दिन के बाद प्रग्गनानंदा के छह में से चार अंक रहे और वे संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर पहुंच गए।
दूसरी ओर डी. गुकेश की शुरुआत उम्मीद के अनुरूप नहीं रही। पहले ही मुकाबले में उन्हें मैक्सिम वाचियर-लाग्रेव के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा, जिससे उन पर दबाव बढ़ गया। हालांकि विश्व चैंपियन ने अगले ही राउंड में शानदार वापसी करते हुए इवान सारिक को मात दी और पूरे अंक हासिल किए। इसके बाद प्रग्गनानंदा के खिलाफ उनका मुकाबला बराबरी पर समाप्त हुआ। तीन राउंड के बाद गुकेश के खाते में तीन अंक हैं और वह फिलहाल छठे स्थान पर बने हुए हैं। प्रतियोगिता में अभी सुपर रैपिड के छह और राउंड बाकी हैं, इसलिए उनके पास अपनी स्थिति मजबूत करने का पूरा अवसर मौजूद है।
पहले दिन के खेल के बाद फ्रांस के अलीरेजा फिरोजा पांच अंकों के साथ अकेले शीर्ष स्थान पर पहुंच गए। उन्होंने लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन करते हुए बढ़त बनाई। यह उपलब्धि इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि कुछ समय पहले चोट के कारण उन्हें एक बड़ा टूर्नामेंट बीच में छोड़ना पड़ा था। अब उन्होंने शानदार वापसी करते हुए फिर से अपनी लय हासिल कर ली है। अन्य मुकाबलों में भी कई रोचक परिणाम देखने को मिले, जिससे प्रतियोगिता का रोमांच और बढ़ गया।
इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट का प्रारूप खिलाड़ियों की तेज सोच और सटीक निर्णय क्षमता की कड़ी परीक्षा लेता है। पहले चरण में नौ राउंड का सुपर रैपिड मुकाबला खेला जा रहा है, जिसमें प्रत्येक खिलाड़ी को सीमित समय के साथ हर चाल पर अतिरिक्त सेकंड भी दिए जाते हैं। इसके बाद अठारह राउंड का ब्लिट्ज चरण होगा, जहां बेहद कम समय में सर्वश्रेष्ठ चाल चलना सबसे बड़ी चुनौती होती है। अंक प्रणाली भी दोनों प्रारूपों के अनुसार अलग-अलग निर्धारित की गई है, जिससे हर मुकाबले का महत्व और बढ़ जाता है। भारतीय खिलाड़ियों के शुरुआती प्रदर्शन ने संकेत दिया है कि वे इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में अंत तक मजबूत चुनौती पेश करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
