भटगांव विधानसभा के 7 धान उपार्जन केंद्रों को मिली बड़ी सौगात: 69.58 लाख रुपये से बनेंगे पक्के फड़, किसानों को मिलेगी बेहतर सुविधा

1790070785_6a21e6d08853a1ff4f0c

छत्तीसगढ़ में किसानों के कल्याण और धान खरीदी व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने की दिशा में लगातार ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में भटगांव विधानसभा क्षेत्र के किसानों को धान उपार्जन के दौरान बेहतर सुविधाएं प्रदान करने के लिए एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक स्वीकृति मिली है। स्थानीय विधायक और कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के निरंतर प्रयासों के परिणामस्वरूप क्षेत्र के सात प्रमुख धान उपार्जन केंद्रों में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की योजना को मंजूरी दी गई है। इसके तहत केंद्रों में पक्के फड़ का निर्माण और समतलीकरण का कार्य कराया जाएगा, जिससे किसानों को फसल बेचने में आसानी होगी।

स्वीकृत राशि और प्रभावित होने वाले प्रमुख केंद्र

इस विकास कार्य के लिए कुल सड़सठ लाख अट्ठावन हजार रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। स्वीकृत योजना के तहत सूरजपुर विकासखंड के अंतर्गत आने वाले सात प्रमुख उपार्जन केंद्रों को शामिल किया गया है। इनमें टमकी, सिरसी, करोटी बी, खोपो, बतरा, सांवारांवां और कुर्रीडीह स्थित केंद्र शामिल हैं। प्रत्येक उपार्जन केंद्र में नौ लाख चौरानवे हजार रुपये की लागत से पक्के फड़ का निर्माण और जमीन को समतल करने का काम पूरा किया जाएगा।

धान खरीदी और रखरखाव में मिलेगी बड़ी मदद

धान उपार्जन केंद्रों में पक्के फड़ बनने से फसलों के रखरखाव में आने वाली व्यावहारिक समस्याएं काफी हद तक दूर हो जाएंगी। खुले में या कच्चे फर्श पर धान रखने से नमी, बारिश और धूल-मिट्टी के कारण अनाज खराब होने का जोखिम बना रहता था। पक्के फर्श के निर्माण से धान की आवक, उसकी तौलाई और सुरक्षात्मक भंडारण की व्यवस्था अत्यधिक सुव्यवस्थित हो सकेगी। इससे न केवल धान का नुकसान बचेगा, बल्कि खरीदी केंद्र के कर्मचारियों और किसानों दोनों का समय भी बचेगा।

किसानों को मिलेगा व्यवस्थित और सुविधाजनक माहौल

उपार्जन केंद्रों में समतलीकरण और पक्के निर्माण से किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए केंद्र पर लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। ट्रैक्टरों और गाड़ियों की आवाजाही आसान हो जाएगी और धान खाली करने में कोई दिक्कत नहीं आएगी। किसानों की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए केंद्रों में आवश्यक अधोसंरचना का विस्तार करना राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इस कदम से किसानों को उपार्जन केंद्रों पर एक स्वच्छ, सुरक्षित और व्यवस्थित वातावरण मिल सकेगा।

क्षेत्रीय विकास और भविष्य की संभावनाएं

भटगांव विधानसभा क्षेत्र में किसानों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से हल करने की दिशा में यह पहल एक अहम मील का पत्थर साबित होगी। कृषि क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलती है और किसानों का भरोसा बढ़ता है। आने वाले धान खरीदी सीजन से पहले इन सभी सातों केंद्रों पर निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि आगामी खरीदी प्रक्रिया के दौरान किसानों को इसका सीधा और त्वरित लाभ मिल सके।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed