एनसीआर में बदलेगा मौसम, 7-8 अप्रैल को बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में एक बार फिर मौसम में बदलाव देखने को मिलने वाला है, जिससे लोगों को गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है। मौसम विभाग के ताजा अनुमान के अनुसार 7 और 8 अप्रैल को एनसीआर के कई हिस्सों में तेज हवाएं चलने के साथ आसमान में बादल छाए रहेंगे और कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश या गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। इस बदलाव से तापमान में भी गिरावट आने की संभावना जताई गई है।
6 अप्रैल को क्षेत्र का मौसम सामान्य बना रहा, जहां दिन में धूप खिली रही और तापमान संतुलित स्तर पर रहा। इस दिन न्यूनतम तापमान करीब 21 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि अधिकतम तापमान 33 डिग्री तक पहुंचा। हालांकि अब मौसम का रुख बदलने वाला है और आने वाले दिनों में वातावरण में ठंडक महसूस की जा सकती है।
मौसम विभाग के अनुसार 7 अप्रैल को न्यूनतम तापमान लगभग 20 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 31 डिग्री रहने का अनुमान है। इसके अगले दिन यानी 8 अप्रैल को तापमान में और गिरावट देखने को मिल सकती है, जहां न्यूनतम तापमान करीब 18 डिग्री तक जा सकता है, जबकि अधिकतम तापमान लगभग 31 डिग्री के आसपास ही बना रहेगा। इस दौरान दिनभर बादल छाए रहने और बीच-बीच में बारिश होने की संभावना है।
बताया जा रहा है कि इन दो दिनों के दौरान एक या दो बार तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है, जिससे वातावरण में ठंडक बढ़ेगी। खासतौर पर सुबह और रात के समय लोगों को हल्की ठंड का एहसास हो सकता है। यह बदलाव उन लोगों के लिए राहत लेकर आएगा जो पिछले कुछ दिनों से बढ़ती गर्मी से परेशान थे।
9 अप्रैल को भी आसमान में आंशिक बादल छाए रहने की संभावना है, हालांकि इस दिन बारिश की संभावना कम बताई गई है। इसके बाद 10 और 11 अप्रैल को मौसम साफ होने की उम्मीद है और धीरे-धीरे तापमान में बढ़ोतरी शुरू हो जाएगी। इन दिनों में अधिकतम तापमान 33 से 34 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जिससे फिर से गर्मी का असर महसूस होने लगेगा।
मौसम में इस बदलाव के पीछे पश्चिमी विक्षोभ को मुख्य कारण माना जा रहा है। इसके प्रभाव से उत्तर भारत के कई हिस्सों में हवाओं की गति तेज हो जाती है और मौसम अस्थिर हो जाता है। इसी वजह से एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों में बारिश और तापमान में गिरावट देखने को मिल रही है।
इस बीच वायु गुणवत्ता की स्थिति में भी सुधार देखा गया है। फिलहाल एनसीआर में वायु गुणवत्ता सूचकांक पहले की तुलना में बेहतर स्तर पर बना हुआ है, जिससे लोगों को साफ हवा मिल रही है। मौसम में यह बदलाव न केवल तापमान को संतुलित करेगा बल्कि प्रदूषण के स्तर को भी नियंत्रित रखने में मददगार साबित हो सकता है।
