तेजस्वी यादव का सरकार पर हमला, महिलाओं से जुड़े बयान पर सदन में हंगामा
बिहार विधानसभा के बजट सत्र के दौरान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। हालांकि उनका यह भाषण सिर्फ राजनीतिक आरोपों के कारण नहीं, बल्कि कई अन्य वजहों से भी चर्चा में रहा। सदन में बोलते समय तेजस्वी यादव कुछ नर्वस नजर आए और भाषण पढ़ते हुए कई बार अटकते दिखाई दिए। इसी दौरान उन्होंने बताया कि उनका नाखून उखड़ गया है और वे दवा लेकर आए हैं, इसलिए बैठकर बोलने की अनुमति चाहते हैं। विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार ने उनके आग्रह को स्वीकार कर लिया।
भाषण के दौरान तेजस्वी यादव ने महिलाओं को लेकर ऐसा बयान दिया, जिस पर विधानसभा में जोरदार हंगामा हो गया। उन्होंने कहा कि बिहार सरकार महिलाओं के सम्मान की बात करती है, लेकिन उत्तराखंड के भाजपा नेता यह कहते हैं कि बिहार की महिलाएं बिकती हैं और उन्हें खरीदा जाता है। इस बयान के बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस शुरू हो गई और सदन का माहौल काफी गर्म हो गया। तेजस्वी यादव अपने पूरे संबोधन के दौरान कई बार अटकते रहे, जिससे विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच टकराव और बढ़ता गया।
तेजस्वी यादव ने अपने संबोधन में कहा कि सदन में उनका ग्यारहवां साल चल रहा है और हर साल राज्यपाल के अभिभाषण में वही बातें दोहराई जाती हैं, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार झूठी वाहवाही और सौ प्रतिशत लापरवाही के सहारे चल रही है। उन्होंने यह भी कहा कि बिहार में लोकतंत्र कमजोर हुआ है और जनतंत्र को धनतंत्र और मशीन तंत्र में बदल दिया गया है।
नेता प्रतिपक्ष ने साफ कहा कि भले ही उनकी पार्टी की संख्या कम हो, लेकिन विपक्ष मजबूती से जनता के मुद्दे उठाता रहेगा। सरकार पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में कानून का राज और न्याय के साथ विकास नहीं हो रहा, बल्कि अन्याय के साथ विनाश का दौर चल रहा है।
