पर्वतीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाएं हों मजबूत: चारधाम यात्रा से पहले सरकार के सख्त निर्देश
सचिवालय में आयोजित एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक के दौरान सरकार ने पर्वतीय क्षेत्रों में चल रहे विकास कार्यों और जनसुविधाओं को लेकर अधिकारियों को स्पष्ट और सख्त निर्देश दिए। बैठक में थराली, कर्णप्रयाग, केदारनाथ, रुद्रप्रयाग और देवप्रयाग विधानसभा क्षेत्रों में विभिन्न घोषणाओं के तहत संचालित योजनाओं की प्रगति का विस्तृत आकलन किया गया। इस दौरान विशेष रूप से स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने और स्थानीय जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान पर जोर दिया गया।
अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि पहाड़ी इलाकों में स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता और गुणवत्ता को प्राथमिकता के आधार पर बेहतर किया जाए। इन क्षेत्रों में अक्सर भौगोलिक चुनौतियों के कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होती हैं, इसलिए आवश्यक संसाधनों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करना बेहद जरूरी बताया गया। इसी क्रम में हेली एंबुलेंस सेवाओं को भी सुचारू और समयबद्ध बनाए रखने के निर्देश दिए गए, ताकि आपातकालीन स्थितियों में मरीजों को तुरंत सहायता मिल सके।
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि विभिन्न विभागों के बीच समन्वय की कमी के कारण विकास कार्यों में किसी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए। यदि किसी निर्माण प्रस्ताव को एक विभाग से दूसरे विभाग को भेजने की आवश्यकता हो, तो यह प्रक्रिया तेजी से पूरी की जाए। साथ ही, अनावश्यक देरी के लिए संबंधित विभागों की जिम्मेदारी तय करने की बात भी कही गई, जिससे कार्यों की गति बनी रहे।
वन विभाग से जुड़े लंबित मामलों को लेकर भी चिंता जताई गई और निर्देश दिए गए कि इनकी अलग से समीक्षा की जाए। पहाड़ी क्षेत्रों में वर्षाकाल के दौरान आने वाली चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए एक व्यापक रणनीति तैयार करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया। इसके लिए अधिकारियों को जल्द ही एक विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए गए, ताकि संभावित समस्याओं से पहले ही निपटा जा सके।
आगामी चारधाम यात्रा को देखते हुए तैयारियों की स्थिति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि यात्रा से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं समय से पहले पूरी कर ली जाएं, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। यातायात, स्वास्थ्य, सुरक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं को लेकर समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
इसके अलावा, वाणिज्यिक गैस सिलेंडरों से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। होटल एसोसिएशन के साथ नियमित बैठक कर उनकी समस्याओं को समझने और समाधान करने के निर्देश दिए गए, ताकि पर्यटन सीजन के दौरान किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो। इससे स्थानीय व्यवसायों को भी सहूलियत मिलेगी और पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
बैठक में कई जनप्रतिनिधि और मंत्री भी मौजूद रहे, जिन्होंने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं को उठाया और उनके समाधान के लिए सुझाव दिए। कुल मिलाकर यह बैठक पर्वतीय क्षेत्रों के समग्र विकास, बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं और सुचारू प्रशासनिक व्यवस्था सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखी जा रही है।
