अयोध्या में 31 दिसंबर को मनाई जाएगी रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की दूसरी वर्षगांठ, भव्य आयोजनों की तैयारियां पूरी

रामनगरी अयोध्या में भगवान श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा की दूसरी वर्षगांठ इस वर्ष 31 दिसंबर 2025 को पूरे श्रद्धा और भव्यता के साथ मनाई जाएगी। श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी 2024 को संपन्न हुई थी, लेकिन परंपरा के अनुसार इसकी वर्षगांठ हिंदू पंचांग के आधार पर तय की जाती है। इसी परंपरा के तहत पहली वर्षगांठ 11 जनवरी 2025 को मनाई गई थी और अब दूसरी वर्षगांठ का मुख्य समारोह 31 दिसंबर को आयोजित किया जा रहा है।
इस पावन अवसर पर धार्मिक अनुष्ठानों की शुरुआत 27 दिसंबर से होगी और ये कार्यक्रम 2 जनवरी 2026 तक चलते रहेंगे। मुख्य आयोजन 31 दिसंबर को होगा जिसमें देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी इस भव्य समारोह में मौजूद रहेंगे। पूजन और अनुष्ठान जगद्गुरु मध्वाचार्य जी की देखरेख में संपन्न कराए जाएंगे।
कार्यक्रमों की श्रृंखला के तहत 29 दिसंबर से सांस्कृतिक प्रस्तुतियों की शुरुआत होगी, जिनमें धार्मिक और सांस्कृतिक झलक देखने को मिलेगी। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मंदिर परिसर में विशेष इंतजाम किए गए हैं और अंगद टीला तक आने जाने के लिए सुग्रीव पथ से मार्ग निर्धारित किया गया है ताकि भीड़ को सुचारु रूप से नियंत्रित किया जा सके।
31 दिसंबर को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह श्रीराम जन्मभूमि मंदिर परिसर स्थित मां अन्नपूर्णा मंदिर में ध्वजारोहण भी करेंगे और प्रतिष्ठा द्वादशी कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी उनके साथ उपस्थित रहेंगे। मंदिर की व्यवस्थाओं से जुड़े गोपाल जी ने कार्यकर्ताओं की बैठक में बताया कि सभी तैयारियां अंतिम चरण में हैं और देश विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के स्वागत के लिए व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं।
गौरतलब है कि हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अयोध्या राम मंदिर के शिखर पर धर्म ध्वज फहराया था, जिसके बाद 25 नवंबर की तारीख ऐतिहासिक बन गई। उस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री को भगवान राम की प्रतिमा भेंट की थी और कार्यक्रम में संघ प्रमुख मोहन भागवत भी मौजूद रहे थे।
