बिहार की सियासत में नई लहर

अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का ऐलान – 225 सीटों पर उतरेंगे उम्मीदवार
पटना – बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे-जैसे करीब आ रहा है, वैसे-वैसे राजनीतिक हलचल भी तेज़ होती जा रही है। अब संत समाज से आने वाले अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने बड़ा दांव खेलते हुए घोषणा की है कि उनकी पार्टी राज्य की 243 में से 225 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।
- अब तक धर्म और समाज सुधार के मुद्दों पर मुखर रहे अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती पहली बार सीधे राजनीति के मैदान में उतर रहे हैं।
- उन्होंने कहा – “जनता के असली मुद्दे सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और भ्रष्टाचार का अंत हैं। इन्हीं सवालों पर हमारी लड़ाई होगी।”
✦ क्यों है यह कदम अहम?
- 225 सीटों पर उम्मीदवार उतारने का दावा बिहार की राजनीति को नई दिशा दे सकता है।
- राजनीतिक पंडित मानते हैं कि अगर संत समाज को जनता का समर्थन मिला तो पारंपरिक वोट बैंक की गणित गड़बड़ा सकती है।
- इससे एनडीए और महागठबंधन दोनों खेमों की चिंता बढ़ गई है।
✦ जनता का मूड क्या कहता है?
- ग्रामीण इलाकों में धार्मिक आस्था को देखते हुए यह कदम चर्चा में है।
- लेकिन विश्लेषकों का मानना है कि संगठन और संसाधनों की कमी इस नई पार्टी के लिए चुनौती साबित हो सकती है।
- बावजूद इसके, सियासी मैदान अब और दिलचस्प हो चुका है।
