चिन्यालीसौड़ में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का जन-जन की सरकार कार्यक्रम, ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर समाधान
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तरकाशी जनपद के विकास खंड परिसर चिन्यालीसौड़ में आयोजित जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार कार्यक्रम में शिरकत कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टालों का निरीक्षण किया और वहां मौजूद अधिकारियों से योजनाओं की जानकारी ली। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों की उपस्थिति रही, जिन्होंने अपनी समस्याएं और शिकायतें सीधे मुख्यमंत्री के सामने रखीं। मुख्यमंत्री ने कई मामलों में मौके पर ही अधिकारियों को निर्देश देकर त्वरित समाधान सुनिश्चित किया।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार अभियान का उद्देश्य शासन और प्रशासन को आम जनता के करीब लाना है। उन्होंने बताया कि इस पहल के माध्यम से अब तक 600 से अधिक शिविर राज्य के विभिन्न हिस्सों में आयोजित किए जा चुके हैं, जिनमें पांच लाख से अधिक लोग शामिल हुए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि 40 हजार से ज्यादा लाभार्थियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ इन शिविरों के माध्यम से प्रदान किया गया है। उनका कहना था कि सरकार की प्राथमिकता यह है कि दूरस्थ गांवों में रहने वाले लोगों को छोटी-छोटी समस्याओं के समाधान के लिए जिला मुख्यालय तक न जाना पड़े और उन्हें अपने क्षेत्र में ही राहत मिल सके।
मुख्यमंत्री ने हेली सेवा के विस्तार की योजना पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि चिन्यालीसौड़ और गौचर हवाई पट्टी से हेली सेवा शुरू करने की दिशा में सरकार ने महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। इन हवाई पट्टियों के संचालन में सेना की भूमिका सुनिश्चित करने की योजना बनाई जा रही है। उन्होंने आगामी चारधाम यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि यात्रा अप्रैल माह से शुरू हो जाएगी और सरकार ने इसकी तैयारियां पहले से ही प्रारंभ कर दी हैं ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने यह भी कहा कि यात्रा के सफल संचालन में स्थानीय हितधारकों, तीर्थ पुरोहितों, होटल व्यवसायियों और परिवहन से जुड़े लोगों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने महिला सशक्तिकरण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार महिलाओं द्वारा बनाए जा रहे उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि अब तक दो लाख से अधिक महिलाओं को लखपति दीदी के रूप में सशक्त किया जा चुका है और उनके उत्पादों की मांग लगातार बढ़ रही है। उनका मानना है कि आर्थिक रूप से सशक्त महिला ही मजबूत समाज की आधारशिला होती है।
कार्यक्रम के दौरान स्थानीय लोगों ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चिन्यालीसौड़ और महाविद्यालय के उच्चीकरण की मांग रखी, जिस पर मुख्यमंत्री ने सकारात्मक रुख दिखाते हुए इसे मुख्यमंत्री घोषणा में शामिल करने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों ने भी अभियान की प्रगति पर जानकारी दी और बताया कि जिन समस्याओं का तत्काल समाधान संभव नहीं हो पाता, उन्हें ऑनलाइन दर्ज कर नियमित फॉलोअप किया जाता है।
