भारत–बोलीविया संबंधों को नई रफ्तार: एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और एडमंड लारा मोंटानो की अहम मुलाकात

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नई दिल्ली में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान भारत और बोलीविया के बीच संबंधों को नई दिशा देने वाली एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। भारत के उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और बोलीविया के उपराष्ट्रपति एडमंड लारा मोंटानो आमने-सामने बैठे और दोनों देशों के बीच सहयोग के नए आयामों पर विस्तार से चर्चा की। यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब भारत और बोलीविया के बीच संबंध लगातार मजबूत हो रहे हैं और दोनों देश वैश्विक मंच पर साझेदारी को आगे बढ़ाने के इच्छुक हैं।

बैठक में सौर ऊर्जा, महत्वपूर्ण खनिज संसाधन, डिजिटल तकनीक, उच्च शिक्षा और चिकित्सा क्षेत्र जैसे विषय प्रमुख रूप से चर्चा में रहे। भारत जहां अक्षय ऊर्जा और डिजिटल नवाचार के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है, वहीं बोलीविया खनिज संपदा के मामले में समृद्ध देश माना जाता है। ऐसे में दोनों देशों के बीच सहयोग की अपार संभावनाएं दिखाई दे रही हैं। नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि तकनीक और संसाधनों का साझा उपयोग दोनों देशों के विकास को नई गति दे सकता है।

नई दिल्ली स्थित उपराष्ट्रपति भवन में हुई इस मुलाकात के दौरान द्विपक्षीय संबंधों की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया गया। दोनों पक्षों ने बहुपक्षीय मंचों पर एक-दूसरे का समर्थन मजबूत करने और वैश्विक मुद्दों पर समन्वय बढ़ाने की प्रतिबद्धता भी दोहराई। डिजिटलाइजेशन और कृत्रिम बुद्धिमत्ता जैसे उभरते क्षेत्रों में सहयोग को भविष्य की प्राथमिकता बताया गया।

एडमंड लारा मोंटानो एआई इम्पैक्ट समिट में भाग लेने के लिए भारत पहुंचे थे। उनके आगमन पर केंद्रीय कोयला और खनन राज्य मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस यात्रा को भारत और बोलीविया के बीच डिजिटल साझेदारी की दिशा में एक नई शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है।

पिछले कुछ महीनों में दोनों देशों के बीच कूटनीतिक गतिविधियां भी तेज रही हैं। पिछले वर्ष बोलीविया में हुए शपथ ग्रहण समारोह में भारत की ओर से प्रतिनिधित्व किया गया था और नई सरकार के साथ साझेदारी को मजबूत करने की इच्छा जताई गई थी। इसी क्रम में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बोलीविया के राष्ट्रपति रोड्रिगो पाज परेरा को चुनाव में जीत पर बधाई देते हुए भविष्य में साझा प्रगति और समृद्धि की उम्मीद व्यक्त की थी।

भारत और बोलीविया के बीच यह बढ़ता संवाद इस बात का संकेत है कि दोनों देश पारंपरिक कूटनीति से आगे बढ़कर तकनीकी, शैक्षिक और आर्थिक क्षेत्रों में दीर्घकालिक साझेदारी स्थापित करना चाहते हैं। एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान हुई यह मुलाकात आने वाले समय में द्विपक्षीय सहयोग को नई ऊंचाइयों तक ले जाने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही ह

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