शेयर बाजार में सपाट शुरुआत के बाद गिरावट, सेंसेक्स 131 अंक टूटा; कच्चे तेल की कीमतों ने बढ़ाई चिंता

भू-राजनीतिक अनिश्चितता और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के बीच भारतीय शेयर बाजार में बुधवार को कारोबार की शुरुआत लगभग सपाट रही। सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन दोनों प्रमुख बेंचमार्क मामूली बढ़त के साथ खुले, लेकिन शुरुआती कारोबार के बाद बाजार पर बिकवाली का दबाव बढ़ गया। इससे सेंसेक्स और निफ्टी दोनों लाल निशान में पहुंच गए और निवेशकों की चिंता बढ़ती नजर आई।
30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स बुधवार को अपने पिछले बंद स्तर 78,154.25 के मुकाबले 109.08 अंक यानी 0.13 प्रतिशत की बढ़त के साथ 78,263.33 पर खुला। दूसरी ओर, एनएसई का निफ्टी 50 भी बेहद मामूली बढ़त के साथ खुला। निफ्टी अपने पिछले बंद 24,471.70 से सिर्फ 0.75 अंक ऊपर 24,472.45 के स्तर पर कारोबार की शुरुआत करने में कामयाब रहा।
हालांकि बाजार खुलने के बाद तेजी ज्यादा देर कायम नहीं रह सकी। कारोबार आगे बढ़ने के साथ सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट देखने को मिली। खबर लिखे जाने तक सेंसेक्स करीब 131 अंक यानी 0.16 प्रतिशत टूटकर 78,040 के आसपास कारोबार कर रहा था। वहीं निफ्टी 50 में भी करीब 0.15 प्रतिशत की कमजोरी रही और यह 24,435 के स्तर पर ट्रेड करता नजर आया।
दिन के कारोबार में बाजार के उतार-चढ़ाव का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि सेंसेक्स एक समय 273 अंक यानी 0.34 प्रतिशत तक गिरकर 77,881 के निचले स्तर पर पहुंच गया। इसी तरह निफ्टी 50 भी 81 अंक यानी 0.33 प्रतिशत की गिरावट के साथ 24,390 के दिन के निचले स्तर तक फिसल गया। लगातार बढ़ती कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक स्तर पर बनी अनिश्चितता ने निवेशकों के सेंटीमेंट को प्रभावित किया।
व्यापक बाजार की बात करें तो मिडकैप शेयरों में भी हल्की कमजोरी देखने को मिली। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स में 0.09 प्रतिशत की गिरावट दर्ज हुई, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स 0.07 प्रतिशत की मामूली बढ़त के साथ कारोबार करता दिखा।
सेक्टोरल इंडेक्स में निफ्टी मेटल सबसे मजबूत प्रदर्शन करने वाले क्षेत्रों में रहा और इसमें 0.86 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। निफ्टी पीएसयू बैंक में 0.60 प्रतिशत और निफ्टी ऑटो में 0.23 प्रतिशत की बढ़त रही। इसके विपरीत एफएमसीजी, रियल्टी, हेल्थकेयर और आईटी शेयरों में दबाव देखने को मिला। निफ्टी एफएमसीजी 0.64 प्रतिशत, रियल्टी 0.58 प्रतिशत, हेल्थकेयर 0.41 प्रतिशत और आईटी इंडेक्स 0.38 प्रतिशत नीचे रहा।
निफ्टी 50 में मैक्स हेल्थकेयर इंस्टीट्यूट, अपोलो हॉस्पिटल, बजाज फिनसर्व, टाटा कंज्यूमर, डॉ. रेड्डीज और टाइटन के शेयरों में प्रमुख गिरावट देखने को मिली।
इस बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी बनी रही। ब्रेंट क्रूड करीब 1 प्रतिशत बढ़कर 89.87 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया, जबकि डब्ल्यूटीआई क्रूड 1.14 प्रतिशत की बढ़त के साथ 84.14 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार करता रहा। तेल की बढ़ती कीमतें भारतीय बाजार के लिए चिंता का विषय हैं, क्योंकि इससे महंगाई और कंपनियों की लागत पर दबाव बढ़ सकता है।
एशियाई बाजारों में भी मिला-जुला रुख रहा। जापान का निक्केई मामूली बढ़त में रहा, जबकि हांगकांग का हैंगसेंग करीब 1 प्रतिशत गिरा। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 4 प्रतिशत से अधिक की मजबूती के साथ बेहतर प्रदर्शन करता दिखा। इससे पहले अमेरिकी बाजारों में भी मंगलवार को कमजोरी रही थी। नैस्डैक 0.6 प्रतिशत और एसएंडपी 500 करीब 0.32 प्रतिशत गिरकर बंद हुए थे।
