आरबीआई एमपीसी के बाद शेयर बाजार में रौनक, सेंसेक्स और निफ्टी हरे निशान पर बंद
आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति की बैठक के बाद शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार में सकारात्मक माहौल देखने को मिला। कारोबारी सत्र के अंत में बाजार मजबूती के साथ बंद हुआ और निवेशकों की धारणा में सुधार नजर आया। बीएसई सेंसेक्स 266.47 अंकों की बढ़त के साथ 83,580.40 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी 50.90 अंक चढ़कर 25,693.70 पर पहुंच गया। दिनभर के कारोबार में उतार-चढ़ाव के बावजूद अंतिम सत्र में खरीदारी हावी रही, जिससे प्रमुख सूचकांक बढ़त के साथ बंद होने में सफल रहे।
शुक्रवार के कारोबार में बाजार की अगुवाई एफएमसीजी और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर ने की। एफएमसीजी दिग्गज आईटीसी में करीब 5 प्रतिशत की जबरदस्त तेजी देखने को मिली, वहीं हिंदुस्तान यूनिलीवर लिमिटेड लगभग 3 प्रतिशत की मजबूती के साथ बंद हुआ। सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो निफ्टी एफएमसीजी सबसे ज्यादा 2.27 प्रतिशत चढ़ा। इसके अलावा निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, निफ्टी कंजम्पशन, निफ्टी रियल्टी, निफ्टी प्राइवेट बैंक, निफ्टी एनर्जी और निफ्टी ऑयल एंड गैस इंडेक्स भी बढ़त के साथ बंद हुए, जिससे बाजार को व्यापक समर्थन मिला।
हालांकि सभी सेक्टरों में तेजी नहीं दिखी। आईटी और फार्मा शेयरों में दबाव बना रहा। निफ्टी आईटी इंडेक्स में करीब डेढ़ प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि फार्मा, हेल्थकेयर, इंडिया डिफेंस और ऑटो सेक्टर भी कमजोरी के साथ बंद हुए। आईटी शेयरों में मुनाफावसूली और वैश्विक संकेतों का असर साफ नजर आया, जिससे टेक शेयरों पर दबाव बना रहा।
सेंसेक्स के प्रमुख शेयरों में आईटीसी, कोटक महिंद्रा बैंक, एचयूएल, भारती एयरटेल, बजाज फाइनेंस, पावर ग्रिड, बजाज फिनसर्व, टाइटन, एक्सिस बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, महिंद्रा एंड महिंद्रा और एलएंडटी ने अच्छा प्रदर्शन किया। दूसरी ओर टेक महिंद्रा, टीसीएस, एशियन पेंट्स, एचसीएल टेक, इन्फोसिस, एचडीएफसी बैंक और बीईएल जैसे शेयरों में गिरावट दर्ज की गई।
लार्जकैप शेयरों की तुलना में मिडकैप और स्मॉलकैप सेगमेंट में बिकवाली का दबाव देखने को मिला। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स मामूली गिरावट के साथ 59,502.70 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में करीब 0.27 प्रतिशत की कमजोरी रही और यह 16,938.65 के स्तर पर बंद हुआ। इससे साफ है कि निवेशकों ने सुरक्षित रणनीति अपनाते हुए चुनिंदा बड़े शेयरों में ही खरीदारी की।
एसबीआई सिक्योरिटीज के टेक्निकल और डेरिवेटिव्स विशेषज्ञ सुदीप शाह के अनुसार निफ्टी की शुरुआत कमजोर रही थी और इंट्रा-डे कारोबार में यह 25,492 के निचले स्तर तक फिसल गया था। इसके बाद बाजार में रिकवरी देखने को मिली और निफ्टी दिन के उच्च स्तर के करीब 25,694 पर बंद हुआ। उनका मानना है कि आने वाले सत्रों में निफ्टी के लिए 25,750 से 25,800 का स्तर अहम रुकावट रहेगा। अगर इस दायरे को पार किया जाता है तो बाजार 26,000 और फिर 26,200 की ओर बढ़ सकता है, जबकि नीचे की ओर 25,550 से 25,500 का स्तर मजबूत सपोर्ट के रूप में काम करेगा।
